भारत में आर्थिक गतिविधियां सामान्य होने के प्रमाणः गीता गोपीनाथ

वाशिंगटन, 07 अप्रैल (ऐजेंसी/सक्षम भारत)। अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष (आईएमएफ) की मुख्य अर्थशास्त्री गीता गोपीनाथ ने कहा है कि ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि भारत में आर्थिक गतिविधियां सामान्य होने लगी हैं।

उल्लेखनीय है कि मुद्राकोष ने मंगवार को अपने एक अनुमान में भारत की आर्थिक वृद्धि में चालू वित्त वर्ष में इसके शानदार 12.5 प्रतिशत तक रहने का अनुमान लगाया है। यह दर चीन से भी ऊंची रहेगी। चीन एक मात्र ऐसी बड़ी अर्थव्यवस्था थी जिसने 2020 में वृद्धि दिखायी है।

मुद्रा कोष और विश्व बैंक की ग्रीष्मकालीन वार्षिक बैठकों से पहले गीता गोपीनाथ ने कहा कि भारत के बारे में , ‘पिछले दो एक महीनों से हमें जो प्रमाण मिल रहे हैं उससे दिता है कि आर्थिक गतिविधियां सामान्य हो रही हैं।’

मुद्राकोष ने अपनी वर्ल्ड इकोनॉमिक आउटलुक (वैश्विक आर्थिक परिदृश्य) शीर्षक रपट में कहा है कि अगले वित्ती वर्ष (2022-23) में भारत की आर्थिक वृद्धि 6.9 प्रतिशत रहेगी। कोविड19 महामारी से प्रभावित 2020-21 में भारतीय अर्थव्यवस्था में अनुमानित रूप से 8 प्रतिशत का रिकार्ड संकुचन हुआ है।

गोपीनाथ ने एक सवाल के जवाब में कहा कि ‘भारत के संबंध में हमने बहुत हल्का संशोधन किया है जो 2021-22 के लिए एक प्रतिशत है। मु्द्राकोष से पहले चालू वित्त वर्ष में भारत के सकल घरेलू उत्पादन में 2020-21 की तुलना में 11.5 प्रतिशत की वृद्धि का अनुमान लगाया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *